भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में आयुष्मान भारत निरामयम् योजना में कथित अनियमितता और धांधली का मामला सामने आया है। राज्य स्वास्थ्य एजेंसी की जांच और फील्ड ऑडिट के बाद शहर के दो प्रमुख निजी अस्पतालों के खिलाफ पुलिस में आपराधिक मामला दर्ज कराया गया है।

मरीजों की शिकायत और ऑडिट के बाद खुलासा

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, मरीजों की शिकायतों, सरकारी अभिलेखों के परीक्षण और फील्ड ऑडिट के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर दोनों अस्पतालों के खिलाफ कार्रवाई की गई। जांच में योजना के संचालन और उससे जुड़े रिकॉर्ड में कथित अनियमितताएं सामने आने के बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। दोनों अस्पतालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 318(4) के तहत धोखाधड़ी से संबंधित मामला दर्ज किया गया है।

राज्य स्वास्थ्य एजेंसी ने अपनाया सख्त रुख

आयुष्मान भारत निरामयम् योजना के तहत पात्र मरीजों को उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। योजना में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी सामने आने पर संबंधित संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई का प्रावधान है। मामले को लेकर राज्य स्वास्थ्य एजेंसी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अरविंद शाह ने कहा कि योजना के हितग्राहियों को गुणवत्तापूर्ण, पारदर्शी और सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना एजेंसी की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना में किसी भी तरह की धांधली या अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

आगे भी जारी रह सकती है कार्रवाई

दो निजी अस्पतालों के खिलाफ FIR दर्ज होने के बाद स्वास्थ्य एजेंसी की निगरानी और जांच व्यवस्था को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। अधिकारियों का कहना है कि योजना से जुड़े अस्पतालों में नियमों के पालन और मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं की जांच लगातार की जाती है। फिलहाल दोनों मामलों में पुलिस कार्रवाई और जांच के बाद ही कथित अनियमितताओं की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।