MP Damoh News: दमोह: मध्यप्रदेश के दमोह जिले के हिंडोरिया नगर में देवी विसर्जन के दौरान दो पक्षों के बीच विवाद हो गया। खबर है कि कहासुनी के बाद दोनों पक्षों में जमकर मारपीट हुई। घटना में करीब 4 लोगों के घायल होने की खबर है। मारपीट का वीडियो भी सामने आया है जिसमें कुछ लोग एक-दूसरे के साथ मारपीट करते नजर आ रहे हैं एवं जमकर लाठी ठंडे एक दूसरे पर बरसाए जा रहे हैं। घटना के बाद देवी विसर्जन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, मंगलवार रात को हिंडोरिया में देवी विसर्जन का जुलूस निकाला जा रहा था। इसी दौरान दो पक्षों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। कुछ दूर आगे बढ़ने के बाद विवाद ने तूल पकड़ लिया और दोनों पक्षों के बीच मारपीट शुरू हो गई। इतना ही नहीं, लाठी-डंडे, कुर्सियां एवं बड़े-बड़े पत्थर तक फेंके गये हैं।
करीब 4 लोगों के घायल होने की खबर
इस घटना में करीब 4 लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों के सिर और हाथ में चोटें आई हैं, जिसके बाद उनका उपचार कराया गया। हालांकि, घायलों की आधिकारिक संख्या और उनकी स्थिति को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
SDOP प्रिया सिंधी ने कही जांच की बात
पथरिया SDOP प्रिया सिंधी ने बताया कि देवी विसर्जन के जुलूस के दौरान कुछ लोगों के बीच मारपीट हुई है। वहीं, इस मामले में किसी के नाम सामने नहीं आए हैं। मारपीट का वीडियो भी सामने आया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पुरानी परंपरा के अनुसार होता है देवी विसर्जन
हिंडोरिया नगर में पुरानी परंपरा के अनुसार देवी विसर्जन का आयोजन किया जाता है। सभी देवी प्रतिमाओं को पहले पुलिस थाने में एकत्रित किया जाता है। इसके बाद देवी की झांकियों को क्रमांक दिए जाते हैं और उसी क्रम के आधार पर विसर्जन का जुलूस निकाला जाता है। यह आयोजन करीब 8 से 9 घंटे तक चलता है, जिसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल होते हैं। आयोजन के दौरान सुरक्षा के लिए भारी पुलिस बल भी तैनात किया जाता है।
हर साल विवाद की स्थिति बनने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
स्थानीय स्तर पर सामने आ रही जानकारी के अनुसार, हिंडोरिया में देवी विसर्जन के दौरान अलग-अलग अखाड़ों के बीच विवाद की स्थिति पहले भी बनती रही है। इस बार फिर मारपीट की घटना सामने आने के बाद पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। जब आयोजन में हजारों लोग शामिल होते हैं और भारी पुलिस बल तैनात रहता है तो ऐसे में विवाद की स्थिति कैसे बनी और समय रहते इसे क्यों नहीं रोका जा सका? यह जांच का विषय है। वहीं, घटना के पीछे की वास्तविक वजह और विवाद के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की स्थिति पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल पुलिस वीडियो और अन्य तथ्यों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
