MP Weather Update: भोपाल: मध्यप्रदेश में मानसून की विदाई से पहले एक बार फिर बारिश का दौर सक्रिय होने जा रहा है। बंगाल की खाड़ी में बने डिप्रेशन के प्रभाव से 23 सितंबर से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश बढ़ने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार पूर्वी मध्यप्रदेश में 23 से 27 सितंबर के दौरान कई स्थानों पर बारिश हो सकती है, जबकि 25 और 26 सितंबर को पूर्वी और पश्चिमी मध्यप्रदेश के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है।
23 सितंबर को इन जिलों में बारिश का असर
मौसम विज्ञान केंद्र भोपाल के अनुसार 23 सितंबर को प्रदेश के दोनों मौसम संभागों—पूर्वी और पश्चिमी मध्यप्रदेश—में गरज-चमक और बिजली गिरने के साथ तेज हवाओं की गतिविधियां हो सकती हैं। पूर्वी हिस्से में बारिश की गतिविधियां ज्यादा बढ़ने के आसार हैं। कटनी, उमरिया, शहडोल, जबलपुर, डिंडोरी, अनूपपुर, मंडला, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, बालाघाट और पांढुर्णा में बारिश को लेकर विशेष चेतावनी जारी की गई है।
24 सितंबर से बढ़ेगी बारिश की गतिविधि
मौसम विभाग के मुताबिक 24 सितंबर से बारिश का दायरा और बढ़ सकता है। पूर्वी मध्यप्रदेश में भारी बारिश की संभावना है, जबकि पश्चिमी हिस्सों में भी गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चल सकती हैं। बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसम प्रणाली के मध्य भारत की ओर प्रभाव बढ़ने से यह बदलाव देखने को मिलेगा।
25-26 सितंबर को भारी बारिश के आसार
मध्यप्रदेश में 25 और 26 सितंबर को मौसम ज्यादा सक्रिय रह सकता है। पूर्वी और पश्चिमी दोनों हिस्सों में कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार यह दौर मानसून की विदाई से पहले प्रदेश में बारिश का एक महत्वपूर्ण स्पेल हो सकता है।
इन जिलों में पहले से हो चुकी है अच्छी बारिश
बीते 24 घंटों में प्रदेश के कई संभागों में बारिश दर्ज की गई। देवरी-सागर में करीब 60.3 मिमी बारिश दर्ज हुई। इसके अलावा हट्टा में 49.4 मिमी, कोतमा में 41 मिमी, गैरतगंज में 38.6 मिमी, परासिया में 37.2 मिमी और बटियागढ़ में 36 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। भोपाल, रीवा, जबलपुर, शहडोल और सागर संभागों में भी बारिश हुई।
प्रदेश में अब तक सामान्य से कम बारिश
1 जून से 22 सितंबर तक मध्यप्रदेश में मानसूनी बारिश सामान्य से करीब 6 प्रतिशत कम रही है। पूर्वी मध्यप्रदेश में बारिश सामान्य से लगभग 2 प्रतिशत कम, जबकि पश्चिमी मध्यप्रदेश में करीब 10 प्रतिशत कम दर्ज की गई है। हालांकि अगले कुछ दिनों में होने वाली बारिश से इस कमी में कुछ सुधार की संभावना है।
भोपाल, इंदौर समेत प्रमुख शहरों का मौसम
भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर और सतना सहित कई शहरों में बादल और बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। IMD के भोपाल केंद्र के ताजा अपडेट में 23 सितंबर को दोनों मौसम संभागों में गरज-चमक और बिजली के साथ मौसम सक्रिय रहने का संकेत दिया गया है।
26 सितंबर तक जारी रहेगा बारिश का दौर
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 26 सितंबर तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर बना रह सकता है। इसके बाद बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है। फिलहाल लोगों को गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी जाती है।
किसानों के लिए भी अहम है यह बारिश
सितंबर के अंतिम सप्ताह में होने वाली बारिश खरीफ फसलों के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है, लेकिन जिन इलाकों में बहुत अधिक बारिश होती है वहां खेतों में पानी भरने और फसल को नुकसान की स्थिति भी बन सकती है। इसलिए स्थानीय मौसम चेतावनियों के अनुसार ही कृषि संबंधी गतिविधियां करना उचित रहेगा।
