India Mobile Congress: नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार, 8 अक्टूबर को नई दिल्ली के यशोभूमि में आयोजित इंडिया मोबाइल कांग्रेस (IMC) के 10वें संस्करण का विधिवत उद्घाटन किया। 7 से 10 अक्टूबर तक चलने वाले इस वैश्विक टेक्नोलॉजी आयोजन में भारत समेत दुनियाभर के टेलीकॉम, आईटी और टेक सेक्टर से जुड़े दिग्गज हिस्सा ले रहे हैं। इस वर्ष IMC में 6G, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डिजिटल क्रांति, साइबर सुरक्षा और भविष्य की तकनीकों पर विशेष फोकस किया जा रहा है।

इंडिया मोबाइल कांग्रेस के उद्घाटन समारोह के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिवंगत अभिनेता नाना पाटेकर को भी याद किया और उन्हें श्रद्धांजलि दी। पीएम मोदी ने नाना पाटेकर के अभिनय की सराहना करते हुए उन्हें एक गुणी कलाकार बताया। उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर का व्यक्तित्व काफी प्रभावशाली था और उनके निधन से हिंदी और मराठी सिनेमा को बड़ी क्षति हुई है।

हर जिले तक पहुंचा 5G नेटवर्क

पीएम मोदी ने भारत की डिजिटल क्रांति का जिक्र करते हुए कहा कि वर्ष 2022 में इंडिया मोबाइल कांग्रेस के मंच से ही देश में 5G सेवा की शुरुआत हुई थी। बीते चार वर्षों में 5G नेटवर्क देश के हर जिले तक पहुंच चुका है। प्रधानमंत्री के मुताबिक, इस समय भारत में 5.5 लाख से अधिक 5G बेस स्टेशन मौजूद हैं। अब देश का फोकस 6G तकनीक के विकास पर है।

पीएम मोदी ने कोरोना महामारी के दौर को याद करते हुए कहा कि वर्ष 2020 में जब पूरी दुनिया मुश्किल दौर से गुजर रही थी, तब डिजिटल तकनीक ने लोगों को दूर रहते हुए भी एक-दूसरे से जोड़े रखा। उन्होंने कहा कि सरकार ने डिजिटल क्रांति को तेजी से आगे बढ़ाया है। किसान सम्मान निधि जैसी योजनाओं के जरिए किसानों तक आर्थिक सहायता पहुंचाने में भी डिजिटल तकनीक की अहम भूमिका रही है।

गेमिंग और कंटेंट क्रिएशन में तेजी

प्रधानमंत्री ने भारत में तेजी से बढ़ते गेमिंग और ई-स्पोर्ट्स सेक्टर का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि दुनियाभर के गेमिंग सेक्टर में भारत के करोड़ों लोग जुड़े हुए हैं। भारतीय युवा ई-स्पोर्ट्स के साथ गेमिंग क्रिएटर्स के रूप में भी अपनी पहचान बना रहे हैं। पीएम मोदी ने कहा कि सस्ते डेटा और बेहतर संचार सुविधाओं ने गेमिंग सेक्टर के विस्तार को गति दी है। इसके साथ ही डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के विस्तार से कंटेंट क्रिएशन इंडस्ट्री भी तेजी से बढ़ी है और हजारों करोड़ रुपये के स्तर तक पहुंच चुकी है।

साइबर फ्रॉड से निपटने के लिए ग्लोबल फ्रेमवर्क की जरूरत

डिजिटल क्रांति के साथ बढ़ते साइबर फ्रॉड पर चिंता जताते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि मोबाइल फोन पर आने वाले कॉल, मैसेज और डिजिटल पेमेंट को लेकर लोगों को सावधान रहने की जरूरत है। प्रधानमंत्री ने कहा कि साइबर फ्रॉड से निपटने के लिए वैश्विक स्तर पर एक मजबूत फ्रेमवर्क तैयार किया जाना चाहिए। इसके लिए GSMA समेत दुनियाभर के टेलीकॉम ऑपरेटर्स और संबंधित स्टेकहोल्डर्स को साथ आना होगा। ऐसा फ्रेमवर्क डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को और मजबूत बनाने में मदद करेगा।

टेलीकॉम सेक्टर में बड़े सुधारों का जिक्र

अपने संबोधन में पीएम मोदी ने पिछले एक दशक में टेलीकॉम सेक्टर में किए गए नीतिगत सुधारों का भी उल्लेख किया। उन्होंने गतिशक्ति संचार पोर्टल और एडजस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (AGR) से जुड़े मामलों के समाधान का जिक्र किया। प्रधानमंत्री ने भारत सेमीकंडक्टर मिशन को भी देश की तकनीकी प्रगति के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि भारत अब सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग पर तेजी से फोकस कर रहा है। इससे देश के विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है।

रिसर्च, इनोवेशन और मैन्युफैक्चरिंग का ग्लोबल हब बने IMC

पीएम मोदी ने कहा कि इंडिया मोबाइल कांग्रेस को ऐसा वैश्विक प्लेटफॉर्म बनाने की जरूरत है, जहां रिसर्च, इनोवेशन और मैन्युफैक्चरिंग एक साथ जुड़ सकें। उन्होंने कहा कि भारत तेजी से तकनीकी क्षेत्र में अपनी क्षमता बढ़ा रहा है और IMC को इस यात्रा में वैश्विक सहयोग और नए इनोवेशन का महत्वपूर्ण मंच बनाना चाहिए।