गंजबासौदा। गणेशोत्सव को पर्यावरण संरक्षण के संदेश से जोड़ते हुए सुभाष निकेतन एवं माय स्कूल इंग्लिश मीडियम में बच्चों के लिए मिट्टी से गणेश प्रतिमा बनाने का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए स्वयं अपने हाथों से मिट्टी के गणेश बनाना सीखा।

प्रशिक्षण के दौरान बच्चों को बताया गया कि प्लास्टर ऑफ पेरिस एवं रासायनिक रंगों से बनी प्रतिमाओं के स्थान पर प्राकृतिक मिट्टी से गणेश प्रतिमा बनाना पर्यावरण के लिए अधिक अनुकूल है। मिट्टी की प्रतिमा विसर्जन के बाद आसानी से प्रकृति में घुल जाती है और जल स्रोतों को भी नुकसान नहीं पहुंचाती।

कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता, भारतीय परंपराओं के प्रति सम्मान तथा रचनात्मकता और कलात्मक अभिव्यक्ति को विकसित करना रहा। बच्चों ने मिट्टी को आकार देकर विभिन्न प्रकार की आकर्षक गणेश प्रतिमाएं तैयार कीं और इस गतिविधि का आनंद लिया।

आयोजकों ने कहा कि ऐसे रचनात्मक एवं पर्यावरण हितैषी कार्यक्रम बच्चों को सीखने के साथ-साथ प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझने का अवसर प्रदान करते हैं। गणेशोत्सव को “परंपरा भी, पर्यावरण संरक्षण भी” के संदेश के साथ मनाने का आह्वान किया गया।

कार्यक्रम के अंत में बच्चों द्वारा बनाई गई मिट्टी की गणेश प्रतिमाओं की सराहना की गई तथा सभी को पर्यावरण संरक्षण का संकल्प दिलाया गया।