MP Weather Alert: भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के पूर्वी हिस्से में अगले चार दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। इस दौरान कई जिलों में तेज बौछारें पड़ सकती हैं, जबकि कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश देखने को मिल सकती है। मौसम विभाग ने भारी बारिश की संभावना वाले इलाकों में लोगों से सतर्क रहने की अपील की है।
इन 7 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
शनिवार को मौसम विभाग ने प्रदेश के 7 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इनमें रीवा, सीधी, कटनी, शहडोल, अनूपपुर, सिवनी और बालाघाट शामिल हैं। इन जिलों में तेज बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। नदी-नालों में अचानक पानी बढ़ने और उनके उफान पर आने की आशंका को देखते हुए प्रशासन को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
भोपाल में रिमझिम, इंदौर-उज्जैन में कम बारिश के आसार
राजधानी भोपाल में शनिवार को रिमझिम बारिश होने की संभावना जताई गई है। वहीं इंदौर और उज्जैन सहित ग्वालियर-चंबल संभाग में फिलहाल तेज बारिश की संभावना कम है। इन इलाकों में आसमान में बादल छाए रह सकते हैं और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है।
पूर्वी मध्य प्रदेश में ज्यादा सक्रिय रहेगा मानसून
मौसम विभाग के मुताबिक मौजूदा मौसम प्रणाली का असर प्रदेश के पूर्वी हिस्से में ज्यादा देखने को मिल रहा है। इसके चलते रीवा, शहडोल और जबलपुर संभाग में बारिश की गतिविधियां अपेक्षाकृत तेज रहने की संभावना है। दूसरी ओर पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश का प्रभाव कम रहने का अनुमान है। मौसम विभाग का कहना है कि अगले चार दिनों तक मौसम का यह पैटर्न बना रह सकता है।
भारी बारिश वाले इलाकों में सावधानी जरूरी
भारी बारिश की चेतावनी वाले जिलों में लोगों को अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है। लोगों से नदी-नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने को कहा गया है। पुल-पुलियों पर पानी बह रहा हो तो उसे पार करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।
किसानों के लिए भी जरूरी सलाह
बारिश को देखते हुए किसानों को खेतों में जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त रखने की सलाह दी गई है। लगातार या तेज बारिश के कारण खेतों में पानी जमा होने से फसलों को नुकसान हो सकता है। इसलिए समय रहते अतिरिक्त पानी की निकासी करना जरूरी है।
