Chhattisgarh Dhan Kharidi 2026: रायपुर: छत्तीसगढ़ में खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के लिए धान खरीदी की शुरुआत 15 नवंबर 2026 से होने जा रही है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दुर्ग में आयोजित पंडवानी महासम्मेलन में धान खरीदी की तारीख का ऐलान किया। राज्य सरकार किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदेगी। पंजीकृत किसानों से प्रति एकड़ अधिकतम 21 क्विंटल धान की खरीदी की जाएगी। यह अभियान 31 जनवरी 2027 तक चलेगा।
राज्य सरकार ने इस खरीफ सीजन में कुल 160 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने का लक्ष्य रखा है। पिछले साल 140 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की गई थी। इस तरह पिछले सीजन की तुलना में इस बार 20 लाख मीट्रिक टन अधिक धान खरीदने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
पांच साल में करीब 63 प्रतिशत बढ़ा खरीदी का लक्ष्य
छत्तीसगढ़ में पिछले पांच वर्षों के दौरान धान खरीदी के लक्ष्य में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। वर्ष 2021-22 में जहां 98 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का लक्ष्य था, वहीं 2026-27 के लिए इसे बढ़ाकर 160 लाख मीट्रिक टन कर दिया गया है। इस अवधि में लक्ष्य 62 लाख मीट्रिक टन बढ़ा है, जो करीब 63 प्रतिशत की वृद्धि है।
धान बेचने के लिए एग्रीस्टैक पंजीयन जरूरी
इस बार धान बेचने के लिए किसानों को एग्रीस्टैक पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीयन कराना अनिवार्य किया गया है। किसानों को धान खरीदी से पहले अपना पंजीयन सुनिश्चित करना होगा, ताकि उपार्जन केंद्रों पर धान बेचने में परेशानी न हो।
टोकन और बायोमेट्रिक सत्यापन से होगी खरीदी
धान खरीदी केंद्रों पर टोकन व्यवस्था लागू रहेगी। इसके तहत किसान निर्धारित तारीख पर ही अपना धान बेच सकेंगे। खरीदी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए किसानों का बायोमेट्रिक सत्यापन भी किया जाएगा।
धान में 17 प्रतिशत से अधिक नमी नहीं होनी चाहिए
सरकार ने धान की गुणवत्ता को लेकर निर्धारित मानकों का पालन करने पर जोर दिया है। धान में नमी की मात्रा 17 प्रतिशत से अधिक नहीं होनी चाहिए। निर्धारित मानकों पर खरा नहीं उतरने वाले धान को खरीदी केंद्रों पर अस्वीकार किया जा सकता है। ऐसे में किसानों को धान बेचने से पहले गुणवत्ता और नमी के मानकों का ध्यान रखना होगा।
