सुल्तानपुर: उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर की स्पेशल MP-MLA कोर्ट ने सोमवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को मानहानि के एक मामले में दोषमुक्त कर दिया। यह मामला वर्ष 2018 में बीजेपी के तत्कालीन राष्ट्रीय अध्यक्ष और वर्तमान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ राहुल गांधी की कथित आपत्तिजनक टिप्पणी से जुड़ा था। बीजेपी नेता विजय मिश्रा ने इस मामले में राहुल गांधी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। फैसले के दौरान राहुल गांधी खुद अदालत में मौजूद रहे।
कोर्ट से राहुल गांधी को राहत मिलने की खबर सामने आते ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं में खुशी की लहर दौड़ गई। कार्यकर्ताओं ने नाच-गाकर अपनी खुशी जाहिर की। वहीं, कांग्रेस पार्टी ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट X पर ‘सत्यमेव जयते’ लिखकर प्रतिक्रिया दी।
कोर्ट परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
राहुल गांधी सोमवार को करीब 11 बजे सुल्तानपुर स्थित स्पेशल MP-MLA कोर्ट पहुंचे थे। उनके आगमन और सुनवाई को देखते हुए जिला प्रशासन अलर्ट रहा। कोर्ट परिसर और आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी। शिकायतकर्ता के अधिवक्ता संतोष कुमार पांडेय के अनुसार, स्पेशल MP-MLA कोर्ट के जज शुभम वर्मा ने 13 अक्टूबर को मामले में फैसला सुनाने के लिए 26 अक्टूबर की तारीख निर्धारित की थी।
2018 में अमित शाह पर टिप्पणी को लेकर दर्ज हुआ था मुकदमा
बीजेपी नेता और जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष विजय मिश्रा ने 4 अगस्त 2018 को राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी। आरोप था कि राहुल गांधी ने कर्नाटक विधानसभा चुनाव के प्रचार के दौरान 8 मई 2018 को बेंगलुरु में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में अमित शाह के खिलाफ टिप्पणी की थी।
राहुल गांधी ने सोहराबुद्दीन शेख मुठभेड़ मामले का जिक्र करते हुए बीजेपी अध्यक्ष पर आरोपों से संबंधित बयान दिया था। अमित शाह को वर्ष 2014 में इस मामले में बरी कर दिया गया था।
2023 में कोर्ट ने राहुल गांधी को किया था तलब
इस मामले में अदालत ने 27 नवंबर 2023 को राहुल गांधी को मुकदमे का सामना करने के लिए तलब किया था। इसके बाद राहुल गांधी अदालत में पेश हुए थे, जहां उन्हें जमानत मिल गई थी। बाद में शिकायतकर्ता ने राहुल गांधी की आवाज के सैंपल का मिलान कराने के लिए आवेदन दिया था, जिसे निचली अदालत ने खारिज कर दिया था।
इस आदेश के खिलाफ दायर पुनरीक्षण याचिका को सेशन कोर्ट ने भी खारिज कर दिया था। इसके बाद इलाहाबाद हाई कोर्ट ने भी दोनों अदालतों के आदेशों को चुनौती देने वाली याचिका खारिज कर दी थी। राहुल गांधी 26 अक्टूबर को इस मामले में चौथी बार व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश हुए।
खरगे के बयान को लेकर भी बीजेपी और कांग्रेस में विवाद
राहुल गांधी को कोर्ट से राहत मिलने के बीच कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बिहार के पटना में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता को लेकर दिए गए विवादित बयान पर भी राजनीतिक विवाद जारी है। बीजेपी ने खरगे के बयान की आलोचना करते हुए इसे गुंडों वाली भाषा बताया है।
