MP Panna News: पन्ना: मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए जेके सीमेंट ने भारतीय युवा शक्ति ट्रस्ट (BYST) के साथ मिलकर पहल की है। उद्यमिता विकास कार्यक्रम के तहत युवाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने के लिए मार्गदर्शन, तकनीकी प्रशिक्षण और वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। इस पहल के तहत अब तक 98 नए उद्यमी तैयार हो चुके हैं, जो अपना व्यवसाय संचालित कर रहे हैं।
जेके सीमेंट और भारतीय युवा शक्ति ट्रस्ट की इस पहल के तहत व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाए गए हैं। इसके माध्यम से अब तक पन्ना क्षेत्र के 6,345 युवाओं को कार्यक्रम से जोड़कर मार्गदर्शन प्रदान किया गया है। इसका उद्देश्य युवाओं को स्वरोजगार के अवसरों से परिचित कराना और उन्हें उद्यम स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित करना है।
756 युवाओं की करियर काउंसलिंग, 265 को प्रशिक्षण
कार्यक्रम के तहत 756 युवाओं की करियर काउंसलिंग की गई है। वहीं, 265 युवाओं को व्यावसायिक और उद्यमिता कौशल का गहन प्रशिक्षण दिया गया है। इसके अलावा, युवाओं को व्यवसाय शुरू करने और संचालन के दौरान आने वाली चुनौतियों से निपटने में मदद के लिए 130 अनुभवी मेंटर्स को नेटवर्क से जोड़ा गया है।
98 युवाओं ने शुरू किए अपने उद्यम
इस पहल के परिणामस्वरूप पन्ना जिले में 98 नए उद्यमी तैयार हुए हैं, जो अपने व्यवसाय का संचालन कर रहे हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को केवल नौकरी तलाशने तक सीमित रखने के बजाय उन्हें खुद का व्यवसाय स्थापित करने और दूसरे लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा करने के लिए प्रोत्साहित करना है।
4.15 करोड़ रुपये से अधिक का ऋण वितरित
युवाओं के व्यावसायिक विचारों को साकार करने और उनकी व्यावसायिक इकाइयों को मजबूत बनाने के लिए विभिन्न बैंकों के सहयोग से 4.15 करोड़ रुपये से अधिक का ऋण स्वीकृत कराकर वितरित किया गया है। वित्तीय सहायता के माध्यम से युवाओं को अपना उद्यम शुरू करने और उसे आगे बढ़ाने में मदद मिल रही है।
स्वरोजगार के साथ रोजगार सृजन पर जोर
जेके सीमेंट और भारतीय युवा शक्ति ट्रस्ट की संयुक्त पहल के तहत तैयार हुए उद्यमी अपने व्यवसाय के माध्यम से दूसरे लोगों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा कर रहे हैं। सप्लाई चेन, परिवहन और अन्य सहायक सेवाओं के जरिए अप्रत्यक्ष रोजगार को बढ़ावा मिल रहा है। इस पहल का उद्देश्य पन्ना जिले में उद्यमिता को प्रोत्साहित करना, युवाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देना है।


